डालिम्स संबीम स्कूल में ‘हँसी का जादू’, बच्चों ने सीखा तनाव मुक्त जीवन जीने का मंत्र
हँसी सिर्फ खुशी नहीं, बल्कि जीवन की चुनौतियों का सामना करने का एक अनोखा तरीका भी है


गाजीपुर: डालिम्स संबीम स्कूल में ‘हँसी का जादू’, बच्चों ने सीखा तनाव मुक्त जीवन जीने का मंत्र।हँसी सिर्फ खुशी नहीं, बल्कि जीवन की चुनौतियों का सामना करने का एक अनोखा तरीका भी है। इसी संदेश को लेकर डालिम्स समबीम स्कूल,बिलैचिया में एक विशेष ‘लाफिंग मोटिवेशन’ सत्र का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में ‘भारत का लाफिंग बुद्धा’ नागेश्वर दास ने अपनी रोचक शैली में विद्यार्थियों और शिक्षकों को हँसी के माध्यम से मानसिक तनाव से मुक्त रहने के गुर सिखाए।विद्यालय के प्रधानाचार्य कामेश सिंह और शिक्षक अजीत कुमार यादव ने ‘लाफिंग बुद्धा’ को अंग वस्त्र भेंट कर सम्मानित किया और उनके प्रेरणादायक विचारों की सराहना की। प्रधानाचार्य ने कहा, “विद्यार्थियों के लिए परीक्षा और भविष्य की चिंता एक बड़ी चुनौती होती है। ऐसे में हँसी न केवल उनका तनाव कम करती है, बल्कि उन्हें अधिक आत्मविश्वास से भर देती है।”शिक्षक कमलेश सिंह ने इस पहल को सकारात्मक बताते हुए कहा, “हँसी सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि यह हमारे दिमाग और शरीर के लिए एक बेहतरीन टॉनिक है। ऐसे कार्यक्रम हर स्कूल में होने चाहिए ताकि विद्यार्थी पढ़ाई के साथ जीवन जीने की कला भी सीखें।”कार्यक्रम के दौरान पूरा सभागार हँसी और उल्लास से गूंज उठा। बच्चे और शिक्षक खुलकर हँसे और यह जाना कि हँसी केवल एक अभिव्यक्ति नहीं, बल्कि एक ताकत भी है, जो जीवन की कठिनाइयों को आसान बना सकती है। यह सत्र विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए एक यादगार अनुभव साबित हुआ।




